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Anuppur News:जिला अस्पताल में हो रही चोरियां, सीसीटीवी नहीं पकड़ पा रहे आरोपियों के चेहरे
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,अनूपपुर
Published by: अनूपपुर ब्यूरो
Updated Mon, 13 Oct 2025 04:36 PM IST
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सार
जिला चिकित्सालय में 75 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं जिसमें 25 पुरानी बिल्डिंग में तथा 50 नए भवन में लगाए गए हैं। इनकी तस्वीरों की गुणवत्ता बहुत खराब है। इस वजह से आऱोपियों की पहचान नहीं हो पा रही है।
जिला चिकित्सालय में हो रही चोरियां,सीसीटीवी हैं खराब
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विस्तार
जिला चिकित्सालय अनूपपुर में एक तरफ चोरियां हो रही हैं। वहीं दूसरी तरफ वहां लगे सीसीटीवी कैमरों की तस्वरों की गुणवत्ता बहुत खराब है। इसकी वजह से चोरी करने वालों की पहचान नहीं हो पा रही है। कैमरे की फुटेज काफी धुंधली और अस्पष्ट होने के कारण पुलिस साक्ष्य नहीं जुटा पा रही है।
चिकित्सालय में लगाए गए हैं 75 कैमरे
जिला चिकित्सालय में 75 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं जिसमें 25 पुरानी बिल्डिंग में तथा 50 नए भवन में लगाए गए हैं। नए भवन में जो कैमरे लगे हुए हैं उनके पिक्चर क्वालिटी तो ठीक है लेकिन इनकी वीडियो मेमोरी स्टोरेज सिर्फ चार दिन की है। इसी तरह पुराने भवन में जो कैमरे लगे हुए हैं उनकी पिक्चर क्वालिटी काफी घटिया है जिसके कारण सीसीटीवी फुटेज से व्यक्ति की पहचान करना काफी मुश्किल होता है वहीं इनकी स्टोरेज 20 दिनों की है। इस तरह से जिला चिकित्सालय परिसर में दोनों कैंपस में लगे हुए कैमरे सुरक्षा की दृष्टि से बेहतर नहीं है।
पुलिस भी हो रही परेशान
जिला चिकित्सालय में होने वाली घटना दुर्घटना और अपराध की जांच में पुलिस टीम भी काफी परेशान होती है। पूर्व में यहां दोपहिया वाहन चोरी के मामले की विवेचना के लिए पुलिस टीम चिकित्सालय पहुंची और यहां लगे हुए सीसीटीवी कैमरे तथा फुटेज की जांच की गई। फुटेज में आरोपी दिखाई तो पड़ रहे थे लेकिन वीडियो की क्वालिटी इतनी खराब थी कि उन्हें पहचान पाना मुश्किल था जिसके कारण जिला चिकित्सालय में लगाए गए सीसीटीवी कैमरे की फुटेज पुलिस के लिए किसी भी काम की साबित नहीं हुई।अगर यहां के केसों को देखा जाए तो..
केस-1
जिला चिकित्सालय में कार्यरत सफाई कर्मचारी सूरज राने ने बताया कि उसका दोपहिया वाहन पूर्व में चोरी हुआ था। मामले की शिकायत किए जाने के पश्चात पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सीसीटीवी फुटेज की जांच की गई। जांच के दौरान जो सीसीटीवी फुटेज मिला उसमें आरोपी का चेहरा बिल्कुल भी पहचान में नहीं आ रहा था जिसके कारण उसकी पहचान नहीं हो सकी।
केस-2
एक महीने पहले कोतमा निवासी अमर अपनी पत्नी की डिलीवरी के लिए जिला चिकित्सालय में आया हुआ था जहां लगभग एक सप्ताह तक एडमिट रहने के दौरान वह बाइक को चिकित्सालय की पार्किंग में खड़ी कर देता था। पर अज्ञात व्यक्ति ने उसका दोपहिया वाहन चोरी कर लिया। इसके बाद मामले की शिकायत कोतवाली थाने में दर्ज कराई गई। कोतवाली पुलिस चिकित्सालय में सीसीटीवी फुटेज की जांच की तो आरोपी का चेहरा स्पष्ट नहीं हो सका। इस वजह से मामले आगे कोई कार्रवाई नहीं हो सकी।
वहीं अनूपपुर जिला चिकित्सालय के सिविल सर्जन डॉ एस आर परस्ते कहते हैं कि नए भवन में लगे हुए कैमरों का स्टोरेज कम है तो इसे सुधारने के लिए कहा जाएगा। पुराने भवन में लगे कैमरों को बदलने के लिए अभी तक कोई योजना नहीं है। हालांकि इसे सुधारा जाएगा।
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चिकित्सालय में लगाए गए हैं 75 कैमरे
जिला चिकित्सालय में 75 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं जिसमें 25 पुरानी बिल्डिंग में तथा 50 नए भवन में लगाए गए हैं। नए भवन में जो कैमरे लगे हुए हैं उनके पिक्चर क्वालिटी तो ठीक है लेकिन इनकी वीडियो मेमोरी स्टोरेज सिर्फ चार दिन की है। इसी तरह पुराने भवन में जो कैमरे लगे हुए हैं उनकी पिक्चर क्वालिटी काफी घटिया है जिसके कारण सीसीटीवी फुटेज से व्यक्ति की पहचान करना काफी मुश्किल होता है वहीं इनकी स्टोरेज 20 दिनों की है। इस तरह से जिला चिकित्सालय परिसर में दोनों कैंपस में लगे हुए कैमरे सुरक्षा की दृष्टि से बेहतर नहीं है।
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पुलिस भी हो रही परेशान
जिला चिकित्सालय में होने वाली घटना दुर्घटना और अपराध की जांच में पुलिस टीम भी काफी परेशान होती है। पूर्व में यहां दोपहिया वाहन चोरी के मामले की विवेचना के लिए पुलिस टीम चिकित्सालय पहुंची और यहां लगे हुए सीसीटीवी कैमरे तथा फुटेज की जांच की गई। फुटेज में आरोपी दिखाई तो पड़ रहे थे लेकिन वीडियो की क्वालिटी इतनी खराब थी कि उन्हें पहचान पाना मुश्किल था जिसके कारण जिला चिकित्सालय में लगाए गए सीसीटीवी कैमरे की फुटेज पुलिस के लिए किसी भी काम की साबित नहीं हुई।अगर यहां के केसों को देखा जाए तो..
केस-1
जिला चिकित्सालय में कार्यरत सफाई कर्मचारी सूरज राने ने बताया कि उसका दोपहिया वाहन पूर्व में चोरी हुआ था। मामले की शिकायत किए जाने के पश्चात पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सीसीटीवी फुटेज की जांच की गई। जांच के दौरान जो सीसीटीवी फुटेज मिला उसमें आरोपी का चेहरा बिल्कुल भी पहचान में नहीं आ रहा था जिसके कारण उसकी पहचान नहीं हो सकी।
केस-2
एक महीने पहले कोतमा निवासी अमर अपनी पत्नी की डिलीवरी के लिए जिला चिकित्सालय में आया हुआ था जहां लगभग एक सप्ताह तक एडमिट रहने के दौरान वह बाइक को चिकित्सालय की पार्किंग में खड़ी कर देता था। पर अज्ञात व्यक्ति ने उसका दोपहिया वाहन चोरी कर लिया। इसके बाद मामले की शिकायत कोतवाली थाने में दर्ज कराई गई। कोतवाली पुलिस चिकित्सालय में सीसीटीवी फुटेज की जांच की तो आरोपी का चेहरा स्पष्ट नहीं हो सका। इस वजह से मामले आगे कोई कार्रवाई नहीं हो सकी।
वहीं अनूपपुर जिला चिकित्सालय के सिविल सर्जन डॉ एस आर परस्ते कहते हैं कि नए भवन में लगे हुए कैमरों का स्टोरेज कम है तो इसे सुधारने के लिए कहा जाएगा। पुराने भवन में लगे कैमरों को बदलने के लिए अभी तक कोई योजना नहीं है। हालांकि इसे सुधारा जाएगा।

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