Hair Care Tips For Men and Women: आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में बालों का झड़ना एक आम समस्या बन चुका है, लेकिन जब यह समस्या गंभीर रूप ले लेती है, तो यह मानसिक तनाव और चिंता का कारण बन जाती है। हैरानी की बात यह है कि आज के समय कम उम्र के लोगों में ये समस्या तेजी से बढ़ती जा रही है। विशेषज्ञों के अनुसार दिन भर में 50 से 100 बालों का गिरना सामान्य है, लेकिन इससे अधिक बाल झड़ना इस बात का संकेत है कि आपके शरीर के भीतर कुछ ठीक नहीं है।
Hair Fall Tips: कम उम्र में ही तेजी से झड़ रहे हैं आपके बाल? जान लें इसके पीछे के चार बड़े कारण
Common Causes Of Hair Loss: आज के समय कम उम्र में बालों का झड़ना बहुत आम हो गया है। ऐसा होने के पीछे कई कारण हैं जिनमें से कुछ मुख्य कारणों के बारे में आपको भी जानना चाहिए। आइए इस लेख में इसी के बारे में विस्तार से जानते हैं साथ ही बचाव के उपाय भी जानेंगे।
अनुवांशिकता
बालों के झड़ने का सबसे प्रमुख कारण हार्मोनल बदलाव है, विशेषकर पुरुषों में DHT (Dihydrotestosterone) हार्मोन और महिलाओं में गर्भावस्था या मेनोपॉज के दौरान होने वाले बदलाव। इसके अलावा 'एंड्रोजेनेटिक एलोपेसिया' एक ऐसी स्थिति है जो परिवार के जीन के माध्यम से आती है। अगर आपके माता-पिता को बाल झड़ने की समस्या रही है, तो आपके बाल गिरने की संभावना बढ़ जाती है। हार्मोन में जरा सा भी उतार-चढ़ाव बालों के डेवलपमेंट साइकिल को प्रभावित कर देता है।
पोषक तत्वों की भारी कमी
बालों के स्वास्थ्य के लिए प्रोटीन, आयरन, बायोटिन और विटामिन-D बहुत जरूरी है। जब हम अपनी डाइट में जंक फूड अधिक और ताजी सब्जियां कम लेते हैं, तो बालों की जड़ों को पोषण मिलना बंद हो जाता है। आयरन की कमी से होने वाला 'एनीमिया' बालों के झड़ने का एक बहुत बड़ा कारण है, क्योंकि यह स्कैल्प तक ऑक्सीजन के प्रवाह को कम कर देता है। सही पोषण के बिना बाल पतले होकर टूटने लगते हैं।
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अत्यधिक तनाव और खराब जीवनशैली
क्या आप जानते हैं कि मानसिक तनाव आपके बालों को 'रेस्टिंग फेज' में डाल सकता है? इस स्थिति विज्ञान में 'टेलोजन एफ्लुवियम' कहते हैं, जिसमें अचानक भारी मात्रा में बाल झड़ने लगते हैं। नींद की कमी और काम का दबाव शरीर में कोर्टिसोल हार्मोन बढ़ाने लगता है, जो बालों के रोमों को नुकसान पहुंचाता है। इसके अलावा, धूम्रपान और शराब का सेवन भी स्कैल्प के ब्लड सर्कुलेशन को प्रभावित करता है, जिससे बाल जड़ से कमजोर हो जाते हैं।
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केमिकल प्रोडक्ट्स और हीटिंग टूल्स का उपयोग
आजकल बालों को स्टाइलिश दिखाने के लिए लोग अक्सर ब्लो-ड्रायर, स्ट्रेटनर और कई तरह के केमिकल ट्रीटमेंट (जैसे रिबॉन्डिंग या कलरिंग) का सहारा लेते हैं। इन मशीनों से निकलने वाली अत्यधिक गर्मी बालों की नेचुरल नमी और 'केराटिन' प्रोटीन को खत्म कर देती है। केमिकल का बार-बार इस्तेमाल स्कैल्प को रूखा बना देता है, जिससे बाल बीच से टूटने लगते हैं। नेचुरल उत्पादों के बजाय सिंथेटिक शैंपू का उपयोग भी इस समस्या को बढ़ाता है।